मेरे टूथपेस्ट में ज्यादा नमक है - तर्कशील भारत

Header Ads Widget

Monday, November 9, 2020

मेरे टूथपेस्ट में ज्यादा नमक है

 आपके टूथपेस्ट में दूसरों के मुकाबले ज्यादा नमक है यह आपके लिए अच्छी बात हो सकती है लेकिन इस आधार पर आप यह तय नहीं कर सकते कि मेरा टूथपेस्ट ही पूरी कायनात के लिए है.


हो सकता है किसी को नीम के दतुअन पर ज्यादा भरोसा हो या हो सकता है किसी को कोलगेट पसंद हो या डाबर का दन्तमंजन. यही तो डाइवर्सिटी है और इसी डाइवर्सिटी के साथ एक्सिस्टेन्स को डेमोक्रेसी कहते हैं.

धर्मों के मार्किट में तरह तरह के प्रोडक्ट्स तैयार हैं यहां कोई पुरानी कम्पनी है कोई नई, सबके पास अपने अपने झुनझुने हैं सबकी मार्किट स्ट्रेटेजी भी अलग अलग है कोई अपने टूथपेस्ट में ज्यादा नमक बता कर बेच रहा है कोई दूसरे के टूथपेस्ट में कमियां दिखाकर अपनी मार्केटिंग कर रहा है यहां तक सभी एक जैसे ही हैं लेकिन जब कोई नई कम्पनी यह जिद ठान कर बैठ जाये कि "नहीं कोई टूथपेस्ट सिवा मेरे वाले के और मेरा लाल टूथपेस्ट ही आखिरी टूथपेस्ट है" तो पूरी मार्केटिंग पॉलिसी ही गड़बड़ा जाती है ऐसी कम्पनी मार्किट के सिद्धांतों के खिलाफ तो होती ही है डेमोक्रेसी की धज्जियाँ भी उड़ा कर रख देती है. 

सेक्युलरिज्म की तो बात ही छोड़ दीजिए.

-शकील प्रेम

No comments:

Post a Comment

Pages