भावनाएं आहत क्यों होती हैं ? - तर्कशील भारत

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Monday, November 9, 2020

भावनाएं आहत क्यों होती हैं ?

 हम सब 

धर्म/मजहब के शिकार हैं

और शिकारी,

कोई और है

पहचानिए उसे,

शिकारियों का वो गिरोह 

बहुत शातिर भी है

जो मेरी और आपकी 

भावनाओं से खेलता है

और हर बार

भावनाओं की आड़ में छुप कर

खुद को बचा लेता है

इसलिए 

जब भी

शिकारियों का 

धर्म 

संकट में फंसता है

आपकी और मेरी भावनाएं 

आहत होती हैं.

-शकील प्रेम


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